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1.
Mishra, RC: र च मिश्र | March 24, 2006 at 7:22 am
शुऐब भाई, मज़ा आ गया तस्वीरें देख के।
इस बार सोचता हूं कि दुबई होकर भारत जाऊं।
बहुत बहुत धन्यवाद।
2.
नितिन व्यास | March 24, 2006 at 2:26 pm
शुऐब भाई, दुबई घुमाने के लिये
बहुत बहुत धन्यवाद।
3.
Pankaj Bengani | March 24, 2006 at 8:01 pm
इमानदारी से कहुँ तो जलन होती है…
काश हमारे पास भी काले पानी का भंडार होता तो शायद हम भी ऐसे होते.
4.
LUCKNOW_62 | March 26, 2006 at 9:54 am
Shuaib bhai,
photoes are excellent, iam also enjoying the dubai visit.
5.
SHUAIB | March 27, 2006 at 9:11 am
माफ करना जवाब लिखने में काफी देर हो गई। पहली बात ये है के कल मैं ने अपने दांत का आपरेशन करवाया और दर्द से पूरा दिन घर पर ही रहा। दूसरी बात ये है के मेरे पास इन्टरनेट connection नहीं है और cyber center भी मेरे फ्लैट से कुछ दूर है। आँफिस में मेरे क्म्प्यूटर पर इन्टरनेट तो है पर IT management ने Blogger और चंद दूसरे साईट को बलॉक कर दिया है, मैं अपना ब्लॉग भी देख नहीं सकता सिवाय domain ब्लॉग्स के। आप सब का शुक्रिया
May से November तक यहां आग उगलने जैसी गरमी पडती है, आप यहां आना चाहें तो December to April के बीच कभी भी आसकते हैं मौसम अच्छा रहेगा।
अब आप बहुत जल्दी Sharjah भी घूमने वाले हैं
अरे आप काहे को जलते हो, यहां पे सारे Engineers, Doctors वगेरा वगेरा सबके सब भारती हैं, अगर यहां भारती नहीं होते तो ये अरब लोग आज ऐसे न होते। मैं ने सुना आज से चालीस साल पहले यानी UK से आज़ादी पाने से पहले यहां भारती Currency का राज था (UAE भी UK से आज़ाद हुवा है)
6.
Tarun | March 29, 2006 at 12:16 pm
जंगल में मंगल इसी को कहते हैं, यहाँ जंगल को रेगिस्तान समझा जाय